मधेपुरा। जिले के घैलाढ़ प्रखंड अंतर्गत भान टेकठी स्थित सोनाय अनूप उच्च माध्यमिक विद्यालय के पूर्व प्रभारी प्रधानाध्यापक मुकेश कुमार के निलंबन के खिलाफ गुरुवार को छात्र-छात्राओं का गुस्सा भड़क उठा। आक्रोशित विद्यार्थियों ने मधेपुरा-सहरसा राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच-107) को मठाही बाजार के पास पूरी तरह जाम कर उग्र प्रदर्शन किया। सुबह लगभग 10 बजे शुरू हुआ यह चक्काजाम दोपहर पौने एक बजे तक जारी रहा। करीब ढाई घंटे तक मुख्य मार्ग पर आवागमन पूरी तरह ठप रहने के कारण सड़क के दोनों तरफ गाड़ियों का तांता लग गया, जिससे राहगीरों और यात्रियों को भीषण गर्मी में भारी दिक्कतों से जूझना पड़ा।
निलंबन के विरोध में सड़क पर उतरे छात्र
आंदोलन कर रहे विद्यार्थियों का साफ तौर पर कहना था कि जब से मुकेश कुमार ने विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापक का जिम्मा संभाला था, तब से वहां के शैक्षणिक माहौल में क्रांतिकारी बदलाव आया था। स्कूल में नियमित रूप से क्लास चलने लगी थीं और पढ़ाई का स्तर काफी सुधर गया था। छात्रों ने प्रशासनिक कार्रवाई पर नाराजगी जताते हुए मांग की कि उन्हें दोबारा स्कूल का प्रभार सौंपा जाए। इसके साथ ही विद्यार्थियों ने आरोप लगाया कि विद्यालय के भीतर शिक्षा के बजाय राजनीति करने वाले अन्य शिक्षकों को वहां से तुरंत हटाया जाना चाहिए।
विभागीय आदेश की अनदेखी और तालाबंदी का घटनाक्रम
पूरे विवाद की जड़ शिक्षा विभाग द्वारा जारी वह निर्देश है, जिसमें मुकेश कुमार को विद्यालय का प्रभार वरिष्ठ शिक्षक मो. इमरान आलम को सौंपने के लिए कहा गया था। विभागीय आदेश की अवहेलना करने पर प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए 24 घंटे के भीतर प्रभार सौंपने और स्पष्टीकरण देने का अल्टीमेटम दिया था। इस कार्रवाई से नाराज होकर छात्रों ने पहले भी स्कूल के मुख्य गेट पर ताला जड़कर प्रदर्शन किया था, जिसे स्थानीय शिक्षा अधिकारी के समझाने के बाद शांत कराया गया था, लेकिन निलंबन की कार्रवाई होते ही छात्र दोबारा भड़क गए।
अनुशासनात्मक कार्रवाई और मुख्यालय निर्धारण
प्रशासनिक नियमों के तहत निलंबन की इस अवधि के दौरान पूर्व प्रभारी प्रधानाध्यापक का मुख्यालय प्रखंड संसाधन केंद्र, चौसा तय किया गया है। नियमों के मुताबिक उन्हें इस दौरान निलंबन भत्ता तो देय होगा, लेकिन उन्हें नियमित तौर पर बायोमैट्रिक उपस्थिति दर्ज करानी होगी। इसके साथ ही उच्च अधिकारियों ने स्थानीय प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी को निर्देश दिया है कि वे नए प्रभारी को जल्द से जल्द स्कूल का कार्यभार सौंपना सुनिश्चित करें। विभाग इस पूरे मामले को लेकर आगे की कानूनी और प्रशासनिक चार्जशीट तैयार करने की प्रक्रिया में भी जुट गया है।
अधिकारियों की समझाइश के बाद खुला जाम
सड़क पर बढ़ते हंगामे को देखते हुए सदर थाना और मठाही पुलिस की टीम ने मौके पर पहुंचकर छात्रों से बातचीत की, जिसके बाद जाम को हाईवे से हटाकर स्कूल परिसर में शिफ्ट किया गया। स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए एसडीएम संतोष कुमार, बीडीओ अविनाश कुमार और प्रभारी बीईओ नवलकिशोर सिंह तुरंत विद्यालय पहुंचे। अधिकारियों ने आंदोलनरत छात्रों को समझा-बुझाकर शांत कराया और उन्हें वापस अपनी कक्षाओं में भेजा। इसके बाद प्रशासनिक अधिकारियों ने स्कूल के सभी शिक्षकों के साथ एक बंद कमरे में बैठक कर वर्तमान हालात और पूरे





