कौशांबी। उत्तर प्रदेश के कौशांबी जिले में अवैध पटाखा फैक्ट्री में हुए भीषण विस्फोट मामले का मुख्य आरोपी गुरुवार तड़के पुलिस मुठभेड़ में घायल हो गया, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। 31 अगस्त को हुए इस दर्दनाक हादसे में 14 लोगों की जान चली गई थी। पुलिस के मुताबिक, पकड़ा गया आरोपी आदिल पुत्र नौशाद है, जिसे इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
छह लोगों के खिलाफ दर्ज किया गया था मामला
पिपरी थाना क्षेत्र में हुए इस पटाखा विस्फोट के संबंध में पुलिस ने तीन महिलाओं समेत छह आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया था। घटना के बाद मुख्य आरोपी फरार चल रहा था। पुलिस प्रशासन ने तीन वांछित आरोपियों—शकील, आदिल और शबाना पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था और उनकी धरपकड़ के लिए चार विशेष टीमों का गठन कर लगातार छापेमारी की जा रही थी।
घेराबंदी पर पुलिस टीम पर चलाई गोली
पुलिस के अनुसार, 2 और 3 सितंबर की दरमियानी रात मुखबिर से सूचना मिली कि इनामी आरोपी आदिल मोटरसाइकिल से कमलपुर-बरेठी रोड पर नहर पुलिया की तरफ आ रहा है। पिपरी पुलिस टीम ने जब उसे रोकने और घेरने का प्रयास किया, तो उसने भागने की नीयत से पुलिस पर सीधी फायरिंग कर दी। पुलिस द्वारा आत्मरक्षा में की गई जवाबी कार्रवाई में आरोपी के दोनों पैरों में गोली लगी, जिससे वह वहीं गिर पड़ा और उसे दबोच लिया गया।
मुनाफे के लिए बनाया जा रहा था अवैध बारूद
मुठभेड़ के बाद शुरुआती पूछताछ में आरोपी आदिल ने कबूला कि वह और उसके अन्य साथी अधिक आर्थिक मुनाफे के चक्कर में बिना अनुमति गोदाम में भारी मात्रा में अवैध पटाखे और विस्फोटक सामग्री बनाने तथा उन्हें जमा करने के काम में जुटे हुए थे। इससे पहले पुलिस मामले की दो महिला आरोपियों शबाना और सायना को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है।





