Thursday, 03 September 2026

GDP की तेज रफ्तार से भारत ने दुनिया को चौंकाया, सीतारमण बोलीं- संकट में भी कायम मजबूती IAS की फर्जी पहचान दिखाकर करता था ठगी, ड्रायवरों को नौकरी का झांसा देकर चलवाता था कार दिल्ली-NCR में बारिश का दौर जारी, आज भी छाए रहेंगे बादल; जानें IMD का अपडेट कैमूर घाटी में बड़ा हादसा टला, बारिश से धंसी सड़क… प्रशासन ने सील किया रास्ता होटल में SI की 'गुपचुप मुलाकात' पर बवाल, पत्नी ने दूसरी युवती के साथ रंगे हाथों पकड़ा फाइटर जेट से यात्री विमान तक, अभिनंदन वर्धमान ने शुरू की नई पारी नेपाल में भीषण बाढ़ ने मचाई तबाही, 1,243 की मौत; PM बालेन शाह ने मांगी वैश्विक मदद शिक्षक अभ्यर्थियों के अनशन पर बोले राव उदय प्रताप सिंह, सामने आया सरकार का प्लान मोदी सरकार में होगा बड़ा मंत्रालय फेरबदल? नए चेहरों को मिल सकती है अहम जिम्मेदारी MP में आयुष्मान योजना को लेकर सरकार का बड़ा एक्शन, 18 अस्पताल ब्लैकलिस्ट, 83 पर कार्रवाई

जीवन और मृत्यु

चीन में लाओत्से के समय में ऐसी प्रचलित धारण थी कि आदमी के शरीर में नौ छेद होते हैं। उन्हीं नौ छेदों से जीवन प्रवेश करता है और उन्हीं से बाहर निकलता है। दो आंखें, दो नाक के छेद, मुंह, दो कान, जननेंद्रिय, गुदा। इसके साथ चार अंग हैं- दो...

Published on 07/07/2021 6:00 AM

आशा निराशा

एक मछुआरा था । उस दिन सुबह से शाम तक नदी में जाल डालकर मछलियाँ पकड़ने की कोशिश करता रहा , लेकिन एक भी मछली जाल में न फँसी।  जैसे -जैसे सूरज डूबने लगा, उसकी निराशा गहरी होती गयी । भगवान का नाम लेकर उसने एक बार और जाल डाला...

Published on 28/06/2021 6:00 AM

बदला हुआ आदमी

स्कॉटलैंड के एक राजा को शत्रुओं ने पराजित कर दिया। उसे धन-जन की बड़ी हानि हुई और संगी-साथी भी छूट गए। अब बस उसका जीवन बचा था, पर शत्रु उसकी टोह में थे। प्राण बचाने के लिए वह भागा-भागा फिर रहा था। स्थिति यह थी कि राजा अब मरा कि...

Published on 26/06/2021 6:00 AM

ध्यान-तन्मयता का नाम समाधि

आस्था का निर्माण हुए बिना ध्यान में जाने की क्षमता अर्जित नहीं हो सकती। कुछ व्यक्तिियों में नैसर्गिक आस्था होती है और कुछ व्यक्तिियों की आस्था का निर्माण करना पड़ता है। आस्था पर संकल्प का पुट लग जाए और अनवरत अभ्यास का प्रम चलता रहे तो आगे बढ़ने का मार्ग...

Published on 23/06/2021 6:00 AM

धर्म का मूल केंद्र है वर्तमान

धर्म जगत ने धर्म को केवल परलोक के साथ जोड़कर भारी भूल की है। इसका परिणाम यह हुआ कि धर्म का असली प्रयोजन तिरोहित हो गया। वह स्वर्ग-सुखों के प्रलोभन और नरक-दुख के भय से जुड़ गया। हर धर्म-प्रवर्तक ने धर्म को जीवन से जोड़ा, किंतु धर्म-परंपराओं ने उसे स्वर्ग...

Published on 14/06/2021 6:00 AM

वरुथिनी एकादशी के दिन हुआ था संत वल्लभाचार्य का जन्म

वैशाख कृष्ण की एकादशी को वरुथिनी एकादशी के नाम से जाना जाता है। इस एकादशी को विधिपूर्वक व्रत करने से जीवन में मृत्यु समान दुखों से मुक्ति मिलती है। सन् 1479 में इसी एकादशी के दिन भक्ति परम्परा के महान संत वल्लभाचार्य का जन्म हुआ था। इन्हें 'वैश्वानरावतार' यानी अग्नि...

Published on 04/05/2021 10:55 AM

जो धन गलत कामों से कमाया जाता है, वह घर-परिवार में अशांति बढ़ा देता है

कहानी - देवी लक्ष्मी से जुड़ी एक पौराणिक कथा है। पुराने समय में महालक्ष्मी ने यह तय किया था कि वे असुरों के पास भी रहेंगी। इस बात से सभी देवता चिंतित थे। देवता आपस में इस बात की चर्चा करते थे कि देवी लक्ष्मी ने ये ठीक नहीं किया...

Published on 02/05/2021 11:09 AM

जो लोग अपने जीवन से संतुष्ट हैं, वे बुरे समय में भी शांत और प्रसन्न रहते हैं

एक धनवान सेठ के पास सुख-सुविधा की हर एक चीज थी। परिवार में भी सब कुछ अच्छा था, लेकिन उसके जीवन में शांति नहीं थी। एक दिन वह व्यापार के लिए एक जंगल में से गुजर रहा था।जंगल में सेठ को एक आश्रम दिखाई दिया। वहां एक संत टूटी झोपड़ी...

Published on 02/05/2021 11:03 AM

असफल होने पर न छोड़ें हिम्मत, नए साहस और उत्साह से जीतें जंग

संगीतकार गाल्फर्ड के पास उसकी एक शिष्या अपने मन की व्यथा कहने गई कि वह कुरूप होने के कारण संगीत मंच पर जाते ही यह सोचने लगती है कि दूसरी आकर्षक लड़कियों की तुलना में उसे दर्शक नापसंद करेंगे और हंसी उड़ाएंगे। यह विचार आते ही वह सकपका जाती है...

Published on 30/04/2021 6:15 AM

हमेशा दें अच्छाई पर ध्यान

एक किसान रोज सुबह उठकर दूर झरनों से स्वच्छ पानी लेने जाया करता था। इस काम के लिए वह अपने साथ दो बड़े घड़े ले जाता था। उनमें से एक घड़ा कहीं से फूटा हुआ था और दूसरा सही था। इस वजह से रोज घर पहुंचते-पहुंचते किसान के पास डेढ़...

Published on 17/03/2021 6:30 AM