Sunday, 20 September 2026

यशस्वी को लेकर इरफान पठान ने उठाई आवाज, बोले- बैकअप ओपनर को मिलें पर्याप्त मौके PACL मामले में ED का बड़ा एक्शन, 42.13 करोड़ रुपये के शेयर अस्थायी रूप से कुर्क अदिति सिंह के कांग्रेस जाने की चर्चा तेज, फिर CM योगी से मुलाकात ने बदला सियासी माहौल कर्मचारियों के तेवर से बदली AAP की रणनीति, चुनाव से पहले मान सरकार का बड़ा फैसला होमगार्ड पर गिरी गाज, महिला को थप्पड़ मारने के आरोप के बाद नौकरी से हटाने का आदेश सऊदी को मिलेंगे 48 F-35 लड़ाकू विमान, अमेरिका ने 2 लाख करोड़ की बिक्री को दी मंजूरी ग्रुप-3 और 4 की भर्ती में इंटरव्यू खत्म, सीएम योगी ने नियुक्ति पत्र बांटकर बताई प्रक्रिया रेजीनगर में चुनावी ड्रामा तेज, पहले नाम वापसी का ऐलान फिर मैदान में लौटे ममता के उम्मीदवार नंदीग्राम गिरफ्तारी पर इमरान मसूद का पलटवार, बोले- ‘चुनाव आयोग को कठपुतली बना दिया’ सूरजपुर में नाबालिग से अपराध का मामला सामने आया, आरोपी फरार; तलाश जारी

मोदी कैबिनेट : गोयल-प्रधान का बढ़ेगा कद, राम माधव और प्रहलाद पटेल नए मंत्री !!

मोदी कैबिनेट में कई नए चेहरों को मंत्री पद मिल सकता है तो अच्छा प्रदर्शन करने वाले कुछ मंत्रियों का प्रमोशन भी तय माना जा रहा है. सूत्रों के अनुसार, बिजली मंत्री पीयूष गोयल, पेट्रोलियम मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और राज्यवर्धन सिंह राठौड़ का कद बढ़ना तय माना जा रहा है....

Published on 01/09/2017 10:59 AM

अमित शाह के घर हाई प्रोफाइल मीटिंग, देश को मिलेगा नया रक्षा मंत्री?

नई दिल्ली  . बीजेपी चीफ अमित शाह के घर पर एक हाई लेवल बैठक हुई, जिसमें जेटली के अलावा कई केंद्रीय बीजेपी नेता शामिल हुए। मीडियारिपोर्ट्स के मुताबिक, इस बैठक में 8 केंद्रीय मंत्री शामिल हुए। मीटिंग के बाद बीजेपी गुजरात इनचार्ज भूपेंद्र यादव ने कहा कि बैठक में सिर्फ राज्य में होनेवाले विधानसभा चुनाव की रणनीति पर चर्चा हुई। हालांकि, राजनीतिक जानकार इसे जल्द होने वाले कैबिनेट विस्तार से जोड़कर देख रहे हैं। शाह के घर हुई हाई प्रोफाइल मीटिंग और जेटली के संकेत को राजनीतिक नजरिए से बेहद अहम माना जा रहा है। संकेत मिल रहे हैं कि देश को नया रक्षामंत्री जल्द ही मिल सकता है। बता दें कि गोवा के सीएम मनोहर पर्रिकर के राज्य की राजनीति में वापस लौटने के बाद जेटली को रक्षा मंत्री का कामकाजदेखना पड़ रहा है। कुछ मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, रविवार को ब्रिक्स समिट के लिए पीएम नरेंद्र मोदी के चीन रवाना होने से पहले कैबिनेट में फेरबदलदेखने को मिल सकता है।  केंद्रीय कैबिनेट में विस्तार की अटकलें गुरुवार को उस वक्त तेज हो गईं, जब केंद्रीय मंत्री अरुण जेटली ने कहा कि वह ज्यादा वक्त तक रक्षा मंत्री नहींरहेंगे। एक पत्रकार के सवाल के जवाब में उन्होंने ये संकेत दिए। जेटली इस वक्त वित्त और रक्षा, दोनों ही विभागों का कामकाज देख रहे हैं। बता दें कि जेडीयू के एनडीए में शामिल होने के बाद से ही कैबिनेट विस्तार को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है। माना जा रहा है कि जेडीयू को केंद्र में दोमंत्री पद दिए जा सकते हैं। कैबिनेट में फेरबदल की एक वजह रेल मंत्री सुरेश प्रभु के इस्तीफे की पेशकश भी है। लगातार रेल हादसों की वजह से आलोचनाका शिकार हुए प्रभु ने पीएम से मिलकर इस्तीफे की पेशकश की थी। हालांकि, प्रभु ने बताया था कि पीएम मोदी ने उन्हें इंतजार करने को कहा है। वेंकैया नायडू के उपराष्ट्रपति बनने के बाद से भी मंत्री पद खाली हुआ है। बीजेपी नेता अनिल माधव दवे की मौत के बाद इस साल मई में विज्ञान मंत्रीहर्षवर्धन को पर्यावरण मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार दिया गया था। वहीं, नायडू के पद छोड़ने के बाद स्मृति ईरानी सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय का अतिरिक्तप्रभार संभाल रही हैं।...

Published on 31/08/2017 3:37 PM

ISRO का नैविगेशन सैटलाइट IRNSS-1H आज होगा लॉन्च, नए युग की होगी शुरुआत!

नई दिल्ली . भारत के आठवें नैविगेशन सैटलाइट IRNSS-1H की आज होने वाली लॉन्चिंग देश के अंतरिक्ष अभियान के इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ेगी क्योंकि इस बार सैटलाइट के असेंबलिंग और टेस्टिंग में प्राइवेट सेक्टर भी सक्रिय रूप से शामिल है। इससे पहले प्राइवेट सेक्टर की भूमिका सिर्फ कल-पुर्जों की...

Published on 31/08/2017 10:54 AM

ओबीसी आरक्षण: क्रीमी लेयर की आय सीमा बढ़ाकर 8 लाख रुपये सालाना

नई दिल्ली  . वित्त मंत्री अरुण जेटली ने बुधवार को बड़ा ऐलान किया। केंद्रीय कैबिनेट ने ओबीसी आरक्षण के लिए क्रीमी लेयर की आय सीमा को बढ़ादिया है। अब आठ लाख रुपये सालाना तक कमाने वाली अन्य पिछड़ी जातियां (OBC) क्रीमी लेयर में आएंगी। पहले यह सीमा छह लाख रुपये सालानाकी थी। सरकार के नए फैसले की वजह से अब ओबीसी वर्ग के ज्यादा लोगों को नौकरियों और भर्तियों में आरक्षण का फायदा मिल सकेगा। जेटली ने बताया कि ओबीसी की सूची में सब-कैटिगरी बनाने की दिशा में एक आयोग का गठन करने के लिए राष्ट्रपति के पास सिफारिश भेजी गई है।इससे, लाभ पाने से वंचित रह जाने वाले लोगों को भी शामिल किया जा सकेगा। अब तक 6 लाख रुपये या इससे अधिक सालाना आय वाले ओबीसी परिवार को लाभ पाने वालों की सूची से हटाकर क्रीमी लेयर में रखा गया था। इस आयवर्ग के ओबीसी को किसी तरह का फायदा नहीं दिया जाता है। बता दें कि केंद्र सरकार ने क्रीमी लेयर को फिर से परिभाषित करने की मंशा जाहिर की थी,ताकि इसका फायदा जरूरतमंद और समाज के निचले तबके तक पहुंचाया जा सके। ओबीसी आरक्षण के लिए आखिरी समीक्षा 2013 में की गई थी। क्या है क्रीमी लेयर का मतलब?   बता दें कि क्रीमी लेयर में आने वाले पिछड़ा वर्ग के लोग आरक्षण के दायरे से बाहर हो जाते हैं। सरकारी नौकरियों और शिक्षण संस्थानों में ओबीसी केलिए 27 प्रतिशत आरक्षण है, बशर्ते परिवार की वार्षिक आय क्रीमी लेयर के दायरे में न आती हो। अभी तक वार्षिक आय छह लाख रुपये तक तक थी, अबयह 8 लाख रुपये हो गई है। जिनकी आय अधिक होती है उन्हें क्रीमी लेयर कहा जाता है और वे आरक्षण के लिए पात्र नहीं होते।...

Published on 23/08/2017 4:27 PM

15 हजार के औजार की जगह 5 रुपये की सिरिंज से हुई हर्निया की सर्जरी

नई दिल्ली . ग्रोइन हर्निया की सर्जरी अब पुरानी तकनीक की जगह 5 रुपये की प्लास्टिक सिरिंज से संभव कर दिखाई गई है। गंगाराम हॉस्पिटल केडॉक्टर ने हर्निया की सर्जरी के लिए नई तकनीक ढूंढ निकाली है जिसके तहत 15 हजार के औजार की जगह महज 5 रुपये की प्लास्टिक की सिरिंज सेसर्जरी की गई। यह तकनीक न केवल सस्ती है बल्कि केवल इसमें 5 एमएम के की-होल से सर्जरी की जाती है। अब तक इस तकनीक की मदद से 100 सर्जरी की जाचुकी है। इस तकनीक के विडियो को इंटरनैशनल जर्नल लेप्रोइंडोस्कोपिक एंड अडवांस्ड सर्जिकल टेक्निक विडियोस्कोपी, न्यू यॉर्क में जगह दी गई है। इसतकनीक को ढूंढने वाले डॉक्टर मनीष कुमार गुप्ता ने इसे 555 मनीष टेक्निक नाम दिया है। डॉक्टर मनीष ने बताया कि ग्रोइन हर्निया की सर्जरी के लिए पहले ओपन सर्जरी होती थी। बाद में लेप्रोस्कोपी यानी दूरबीन की मदद से सर्जरी की जानेलगी। अब यह सर्जरी एक स्टेप और आगे निकल गई है जिसमें छोटा छेद, कम तकलीफ, जल्दी सुधार के साथ-साथ कम खर्च में संपन्न हो रही है।डॉक्टर ने बताया कि अब इस सर्जरी में इंस्ट्रूमेंट की जगह प्लास्टिक की सिरिंज का इस्तेमाल किया जा रहा है। डॉक्टर ने बताया कि ग्रोइन हर्निया की सर्जरी के लिए पेट की दीवार की सतह तक जाना होता है। पेट में 3-4 सतहें होती हैं। इस सर्जरी के लिए मसल्सऔर पेरिटोनियम के बीच में जाना होता है। वहां तक जाने के लिए सेपरेटर का इस्तेमाल किया जाता है। डॉक्टर मनीष ने बताया, 'हमने 2 एमएल केप्लास्टिक के सिरिंज से सेपरेट किया और यह काफी सफल है। इसे दुनियाभर के डॉक्टरों ने स्वीकार किया है और वे भी इस तकनीक को अपनाएंगे।'डॉक्टर ने कहा कि हर्निया कई प्रकार के होते हैं, इसमें से 50 पर्सेंट ग्रोइन हर्निया होता है, जो पॉकेट एरिया में बनता है। इसकी सर्जरी के लिए नाभि केनीचे छेदकर सर्जरी की जाती है। इस तकनीक से सर्जरी काफी सरल और आसान हो गई है। पुरानी तकनीक से इलाज -12 एमएम का एक छेद होता था और फिर दो 5 एमएम का छेद किया जाता था -अब तक इस्तेमाल होने वाली तकनीक में जहां पर चीरा लगता है उसके आगे सर्जन को कुछ दिखाई नहीं देता -इस औजार का दाम 14 से 15 हजार रुपये है। सर्जरी पॉइंट तक पहुंचने में 8 से 10 मिनट लगते हैं नई तकनीक से इलाज -इसमें केवल 5 एमएम का एक छेद किया जाता है -इसमें सर्जन अंदर ट्रैक तक देख सकता है -सर्जरी प्लास्टिक की 5 रुपये की सिरिंज से की जाती है   -सर्जन केवल 2 मिनट में सर्जरी पॉइंट तक पहुंच जाता है...

Published on 23/08/2017 12:39 PM

नौसेना को मजबूत करने के लिए भारत ने तेज किया 'हेलिकॉप्टर अभियान'

नई दिल्ली .  भारत जल्द ही 123 विशेष बहुउद्देश्यीय हेलिकॉप्टरों को नौसेना में शामिल करना चाहता है, जो कि पनडुब्बियों पर हमला करने में भीसक्षम होंगे। इनके अलावा 111 हल्के हेलिकॉप्टरों को भी शामिल करने पर विचार किया जा रहा है। इसके लिए मेक इन इंडिया के अंतर्गत नई'रणनीतिक साझेदारी' के तहत तैयारी की जा रही है। इस प्रॉजेक्ट में लगभग 32,000 लाख रुपये का खर्च आएगा। 'स्ट्रैटजिक पार्टनरशिप' का उद्देश्य विदेशी कंपनियों के साथ मिलकर घरेलू निजी कंपनियों के रक्षा उत्पाद को बढ़ावा देना है। इससे तकनीक का आदान-प्रदान भीसंभव हो पाएगा। इससे पहले सरकार ने 6 देशों से 70,000 करोड़ की रक्षा परियोजना के लिए जानकारी मांगी थी। हेलिकॉप्टर्स के प्रॉजेक्ट के लिए भी सरकार नेविदेशी कंपनियों से जानकारी मांगी है। जानकारी मिलने के बाद कंपनियां कॉन्ट्रैक्ट के लिए आवेदन करेंगी। चयनित होने पर साल के आखिरी तक उन्हें काम सौंपदिया जाएगा।   ये हेलिकॉप्टर भारतीय नौसेना के लिए काफी फायदेमंद साबित होंगे। इनसे महासागर के अंदर पनडुब्बियों पर हमला करने में मदद मिलेगी। साथ ही हल्के हेलिकॉप्टरजहाजों के आसपास टोह लेने के साथ-साथ हमला करने में भी मदद करेंगे।  बहुउद्देश्यीय हेलिकॉप्टरों के लिए अमेरिका से की गई डील लंबे समय से लंबित है।वर्तमान में नौसेना के पास 11 कोमोव-28 और 17 सी किंग ASW हेलिकॉप्टर हैं। ऐसे में नौसेना हेलिकॉप्टरों की कमी से जूझ रही है।...

Published on 23/08/2017 11:54 AM

भारतीय सैनिकों ने किया था हमारे ट्रूप्स पर हमला:चीन

बीजिंग/नई दिल्ली.   . प्रेसिडेंट रामनाथ कोविंद सोमवार को आर्मी के एक प्रोग्राम में शिरकत के लिए लेह-लद्दाख रीजन पहुंचे। उन्होंने यहां तैनात आर्मीबटालियन को ‘प्रेसिडेंट कलर्स’ सौंपे।  आर्मी चीफ जनरल बिपिन रावत रविवार को ही यहां आ गए थे। रावत लद्दाख में आर्मी की फॉरवर्ड पोस्ट्स पर भीजाएंगे। कोविंद के प्रोग्राम में भी वो मौजूद रहे। चीन ने कहा है कि 15 अगस्त को लद्दाख में भारत और चीन के सैनिकों के बीच जो हिंसक झड़प हुई थी, उसके लिए इंडियन आर्मी जिम्मेदार है। बता दें किइंडिपेंडेंस डे के दिन ही लद्दाख के पेंगगोंग लेक के करीब दोनों देशों के सैनिकों में हाथापाई और पत्थरबाजी हुई थी। भारत सरकार ने इसे ‘एक घटना’ करार दियाथा। चीन ने इसके लिए भारत को ही जिम्मेदार ठहरा दिया है। चीन के मुताबिक- उसने इस घटना के लिए भारत से विरोध भी दर्ज कराया है।  क्या है मामला... - 15 अगस्त को चीन के कुछ सैनिकों ने लद्दाख की पेंगगोंग लेक के करीब भारतीय इलाके में घुसपैठ की कोशिश की थी। भारतीय सैनिकों ने चीनी सैनिकों कोरोकने की कोशिश की। इसके बाद दोनों देशों के सैनिकों के बीच पहले हाथापाई हुई। इसके बाद मामला पत्थरबाजी तक पहुंच गया। - फॉरेन मिनिस्ट्री ने अपने बयान में हाथापाई और पत्थरबाजी पर तो कुछ नहीं कहा था लेकिन ये जरूर माना था कि उस इलाके में कुछ घटना जरूर हुई थी। - सोमवार को चीन की फॉरेन मिनिस्ट्री के स्पोक्सपर्शन हुआ चुनयिंग ने इस घटना पर बयान दिया। क्या कहा चीन ने? - हुआ ने कहा- चीन के सैनिक उस इलाके में रूटीन पैट्रोलिंग कर रहे है। वो एलएसी पर अपने इलाके में थे। इस दौरान भारत के सैनिकों ने हाथापाई की। इसमेंहमारे कुछ सैनिक घायल हुए हैं। हमने भारत के सामने इस घटना के बारे में सख्त विरोध दर्ज कराया है।   - बता दें कि भारत ने कहा था कि इस घटना के बारे में दोनों देशों के लोकल मिलिट्री कमांडर्स के बीच बातचीत हो चुकी है। - सिक्किम के डोकलाम एरिया में भारतऔर चीन के बीच करीब तीन महीने से विवाद चल रहा है। यहां ट्राइजंक्शन एरिया में दोनों देशों के सैनिक आमने-सामने हैं।बीजिंग/नई दिल्ली.   . प्रेसिडेंट रामनाथ कोविंद सोमवार को आर्मी के एक प्रोग्राम में शिरकत के लिए लेह-लद्दाख रीजन पहुंचे। उन्होंने यहां तैनात आर्मीबटालियन को ‘प्रेसिडेंट कलर्स’ सौंपे।  आर्मी चीफ जनरल बिपिन रावत रविवार को ही यहां आ गए थे। रावत लद्दाख में आर्मी की फॉरवर्ड पोस्ट्स पर भीजाएंगे। कोविंद के प्रोग्राम में भी वो मौजूद रहे। चीन ने कहा है कि 15 अगस्त को लद्दाख में भारत और चीन के सैनिकों के बीच जो हिंसक झड़प हुई थी, उसके लिए इंडियन आर्मी जिम्मेदार है। बता दें किइंडिपेंडेंस डे के दिन ही लद्दाख के पेंगगोंग लेक के करीब दोनों देशों के सैनिकों में हाथापाई और पत्थरबाजी हुई थी। भारत सरकार ने इसे ‘एक घटना’ करार दियाथा। चीन ने इसके लिए भारत को ही जिम्मेदार ठहरा दिया है। चीन के मुताबिक- उसने इस घटना के लिए भारत से विरोध भी दर्ज कराया है।  क्या है मामला... - 15 अगस्त को चीन के कुछ सैनिकों ने लद्दाख की पेंगगोंग लेक के करीब भारतीय इलाके में घुसपैठ की कोशिश की थी। भारतीय सैनिकों ने चीनी सैनिकों कोरोकने की कोशिश की। इसके बाद दोनों देशों के सैनिकों के बीच पहले हाथापाई हुई। इसके बाद मामला पत्थरबाजी तक पहुंच गया। - फॉरेन मिनिस्ट्री ने अपने बयान में हाथापाई और पत्थरबाजी पर तो कुछ नहीं कहा था लेकिन ये जरूर माना था कि उस इलाके में कुछ घटना जरूर हुई थी। - सोमवार को चीन की फॉरेन मिनिस्ट्री के स्पोक्सपर्शन हुआ चुनयिंग ने इस घटना पर बयान दिया। क्या कहा चीन ने? - हुआ ने कहा- चीन के सैनिक उस इलाके में रूटीन पैट्रोलिंग कर रहे है। वो एलएसी पर अपने इलाके में थे। इस दौरान भारत के सैनिकों ने हाथापाई की। इसमेंहमारे कुछ सैनिक घायल हुए हैं। हमने भारत के सामने इस घटना के बारे में सख्त विरोध दर्ज कराया है।   - बता दें कि भारत ने कहा था कि इस घटना के बारे में दोनों देशों के लोकल मिलिट्री कमांडर्स के बीच बातचीत हो चुकी है। - सिक्किम के डोकलाम एरिया में भारतऔर चीन के बीच करीब तीन महीने से विवाद चल रहा है। यहां ट्राइजंक्शन एरिया में दोनों देशों के सैनिक आमने-सामने हैं।...

Published on 22/08/2017 11:39 AM

गिलानी पर शिकंजा : कश्मीर में 12 जगहों पर NIA का छापा

श्रीनगर. जम्मू-कश्मीर में टेरर फंडिंग मामले में नैशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) की कार्रवाई जारी है। NIA की टीम ने बुधवार को श्रीनगर, हंदवाड़ा और बारामूला समेत जम्मू-कश्मीर में 12 जगहों पर छापे मारे। बारामूला जिले के कुंजर इलाके में अलगाववादी संगठन हुर्रियत कॉन्फ्रेंस से जुड़े जुहूर वताली के रिश्तेदारों के ठिकानों...

Published on 16/08/2017 1:54 PM

ट्रंप ने मोदी से की बात, हिंद-प्रशांत महासागर क्षेत्र में शांति बढ़ाने पर जताई सहमति

व्हाइट हाउस ने कहा है कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक नई मंत्रीस्तरीय वार्ता का तंत्र शुरू कर हिंद-प्रशांत महासागर क्षेत्र में शांति एवं स्थिरता बढ़ाने पर सहमत हुए हैं. यह दोनों देशों के रणनीतिक विचार विमर्श को आगे ले जाएगा. ट्रंप ने भारत की स्वतंत्रता दिवस...

Published on 16/08/2017 1:52 PM

चाक-चौबंद होगी भारत की समुद्री सुरक्षा, 32 हजार करोड़ रुपये की योजना को मंजूरी

नई दिल्ली .  सरकार ने समुद्री सुरक्षा को चाक-चौबंद करने के लिए एक विस्तृत योजना तैयार की है। सरकार ने कोस्ट गार्ड के लिए 31,748 करोड़ रुपये की लागत वाले 'निर्णायक पांच वर्षीय ऐक्शन प्रोग्राम' को मंजूरी दे दी है। बता दें कि कोस्ट गार्ड आर्मी, वायुसेना और नेवी के बाद...

Published on 16/08/2017 1:50 PM