हरदा|  भारत की आगामी जनगणना 2027 के दूसरे चरण को व्यवस्थित, पारदर्शी और सटीक तरीके से पूरा करने के उद्देश्य से हरदा में जिला स्तरीय चार्ज अधिकारियों के लिए दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम की शुरुआत 12 अक्टूबर से की गई। कलेक्ट्रेट सभागार में 12 और 13 अक्टूबर 2026 को आयोजित इस सत्र में ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों के अधिकारियों को जनगणना से जुड़े नियमों और तकनीकी प्रणाली की विस्तृत जानकारी दी जा रही है।

डिजिटल तकनीक और मोबाइल ऐप के इस्तेमाल पर विशेष जोर

जिला जनगणना अधिकारी एवं डिप्टी कलेक्टर श्रीमती तृप्ति पटेरिया के अनुसार, इस प्रशिक्षण शिविर में चार्ज अधिकारियों को दूसरे चरण की कार्यप्रणाली, दिशा-निर्देशों और प्रक्रियाओं से अवगत कराया जा रहा है। इसके साथ ही डिजिटल डेटा संकलन, मोबाइल एप्लिकेशन के उपयोग और संबंधित तकनीकी पहलुओं का व्यावहारिक अभ्यास भी कराया जा रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनगणना 2027 में डिजिटल प्रौद्योगिकी के प्रयोग को प्राथमिकता दी जा रही है, ताकि डेटा का संकलन अधिक सटीक, प्रभावी और समयबद्ध तरीके से संपन्न हो सके।

विशेषज्ञों द्वारा मार्गदर्शन एवं वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति

यह प्रशिक्षण जनगणना कार्य निदेशालय, भोपाल से पधारीं सांख्यिकी अन्वेषक ग्रेड-2 सुश्री आयुषी भावसार एवं सुश्री आयुषी यादव द्वारा प्रदान किया जा रहा है। उन्होंने अधिकारियों को उनकी जिम्मेदारियों और कार्यशैली की गहराई से जानकारी दी। विशेषज्ञों ने बताया कि अगले चरण में प्रगणकों (enumerators) और पर्यवेक्षकों को भी प्रशिक्षित किया जाएगा, ताकि पूरा कार्य बिना किसी त्रुटि के पूरा हो सके।

इस अवसर पर अनुविभागीय जनगणना अधिकारी टिमरनी शैलेन्द्र बड़ोनिया, अनुविभागीय जनगणना अधिकारी खिरकिया सुश्री रजनी वर्मा, सभी तहसीलदार, नायब तहसीलदार, मुख्य नगर पालिका अधिकारी एवं जनगणना विभाग का अमला मौजूद रहा।