मेरठ। भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने मिशन-2027 के मद्देनजर सोमवार को मेरठ और सहारनपुर के दो दिवसीय दौरे की शुरुआत की। इस दौरान उन्होंने पार्टी नेताओं, पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं से संवाद करते हुए विपक्षी दलों पर तीखे हमले किए और उत्तर प्रदेश में विकास के रथ को आगे बढ़ाने का आह्वान किया।

युवाओं को बताया आज की शक्ति और राष्ट्र निर्माण का आधार

कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि देश के युवाओं को केवल भविष्य के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए, बल्कि वे आज की सबसे बड़ी ताकत हैं। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे अपनी प्रतिभा का सही दिशा में उपयोग कर राष्ट्र निर्माण में अपना योगदान दें। उन्होंने कहा कि सांसदों और विधायकों की जीत के पीछे जमीनी कार्यकर्ताओं का अथक परिश्रम और संघर्ष होता है।

1857 की क्रांति भूमि का नमन और सांगठनिक ताकत

नितिन नवीन ने मेरठ की ऐतिहासिक धरती को नमन करते हुए कहा कि इस भूमि ने 1857 की क्रांति को वह दिशा दी थी, जिसका संदेश पूरी दुनिया में गया। उन्होंने शक्ति केंद्र के कार्यकर्ताओं को भाजपा का मजबूत आधार बताते हुए कहा कि वे संगठन की उस त्रिवेणी पर खड़े हैं, जहां बूथ, मंडल और शक्ति केंद्र आपस में मिलते हैं। यही संगठन वर्ष 2047 के विकसित भारत के लक्ष्य को साकार करने में अहम भूमिका निभाएगा।

कानून का राज और 'वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट' की पहचान

पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि 2017 से पहले उत्तर प्रदेश की पहचान माफियाओं और अराजकता से जुड़ी थी, जहां बहनें-बेटी सुरक्षित नहीं थीं और व्यापारी खौफ में जीते थे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में आज प्रदेश में कानून का राज है और माफियाओं के साए में रहने वाले जिले अब 'वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट' (ODOP) के रूप में अपनी नई पहचान बना रहे हैं।

गरीब कल्याण, रोजगार और महिला सशक्तिकरण

नितिन नवीन ने केंद्र और राज्य सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सीएम योगी की सरकार योजनाएं बनाते समय लाभार्थी का समाज या धर्म नहीं, बल्कि केवल 'गरीब' देखती है। उन्होंने कहा कि सरकार ने पिछले कुछ वर्षों में नौ लाख युवाओं को नौकरियां दी हैं। इसके अलावा, स्वच्छता अभियानों, मुफ्त राशन योजनाओं और 'लक्ष्मी दीदी योजना' तथा नारी शक्ति वंदन अधिनियम के माध्यम से महिलाओं के सम्मान और आर्थिक स्वावलंबन की दिशा में ऐतिहासिक कदम उठाए गए हैं।